मुझे मालूम है कि आप बेवफ़ा हो गए,
मगर, ये मैं किसी से कह नहीं सकता।
बाख़ुशी सहन कर लूंगा तमाम रंजो-ग़म,
आप पर कोई हर्फ़, मैं सह नहीं सकता।
मगर, ये मैं किसी से कह नहीं सकता।
बाख़ुशी सहन कर लूंगा तमाम रंजो-ग़म,
आप पर कोई हर्फ़, मैं सह नहीं सकता।
-वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी" Q-040
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