4.9.21

P-003 कुछ दलों को

कुछ दलों को करनी थी गरीबों की मदद,
इसलिए उन्होंने ठप्प करके रक्खी
संसद। 

वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी"  P-003
 

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K-007 सूरज को मैं

सूरज को मैं समेट लूं, अपने ही आँगन में, चाँद की रौशनी भर लूं अपने ही दामन में। पर्वतों को ध्वस्त कर दूं, जंगल काट डालूँ, मौसम बदल कर 'सू...