2.3.24

Q-158 उसी पर गुस्सा

उसी पर गुस्सा, उसी पर प्यार आ जाए,
वो कमज़ोरी है हमारी क्या किया जाए।
हर नज़ारे में हमें दीखता है बस वही एक,
आंखों में मूरत उसी की है क्या किया जाए।

-वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी"  Q-158

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