10.4.23

S-254 ग़म तो बहुत है

ग़म तो है बहुत मुझको, वो मुझसे जुदा हो गया ,
पर तसल्ली भी है, मै रहा इंसाँ, वो ख़ुदा हो गया।

-वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी" S-254

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