18.2.23

P-188 दुनियाँ और कहां तक

दुनियाँ और कहाँ तक बर्बाद करेगी तुझे "अजनबी"

इश्क़ में तूने ख़ुद ही ख़ुद को कहीं का न छोड़ा।

-वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी"  P-188


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